


दैनिक इंडिया न्यूज़,लखनऊ। नवरात्रि के पावन अवसर पर राष्ट्रीय सनातन महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र प्रताप सिंह ने अष्टमी तिथि के दिन लखनऊ महानगर स्थित अपने आवास पर माँ जगदंबा की पूजा-अर्चना एवं यज्ञ-हवन का आयोजन किया।
पूजन के माध्यम से उन्होंने राष्ट्र कल्याण, सामाजिक समरसता और सनातन संस्कृति के संरक्षण हेतु माँ से प्रार्थना की। नवरात्रि को उन्होंने आत्मिक शुद्धि, साधना और शक्ति संचय का समय बताते हुए कहा कि यह पर्व केवल उपासना नहीं, बल्कि जीवन को दिव्यता और मर्यादा से जोड़ने का माध्यम है।
अष्टमी के दिन माँ महागौरी की आराधना विशेष फलदायी मानी जाती है। माँ का यह स्वरूप पवित्रता, करुणा और सिद्धि का प्रतीक है। इस अवसर पर हवन का आयोजन भी हुआ, जिसमें वैदिक मंत्रों के उच्चारण के साथ अग्नि में आहुति देकर वातावरण को शुद्ध और ऊर्जावान बनाया गया।
हवन से उत्पन्न सात्विक ऊर्जा से मानसिक तनाव का शमन, रोगों से राहत और पारिवारिक सुख-शांति में वृद्धि होती है। यह परंपरा केवल धार्मिक नहीं, वैज्ञानिक और आध्यात्मिक दृष्टि से भी अत्यंत लाभकारी है।
पूजन और हवन उपरांत जितेन्द्र प्रताप सिंह ने समस्त देशवासियों को रामनवमी की शुभकामनाएँ प्रेषित कीं। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन मर्यादा, सेवा और सत्य का प्रतीक है, जिनके आदर्श आज भी समाज को मार्गदर्शन देते हैं। रामनवमी का पर्व हमें सत्य पर अडिग रहते हुए धर्म के पथ पर चलने की प्रेरणा देता है।