ब्रेकिंग न्यूज़
‘बनाना इकोनॉमी’ से दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना भारत—जगदंबिका पाल | भक्तियोग आत्मबोध, अनन्य श्रद्धा और परमात्म-समर्पण का सनातन महाविज्ञान : महामंडलेश्वर स्वामी अनंतानंद सरस्वती | सनातन संस्कृति की चंद्रिका से आलोकित हो राष्ट्र का प्रत्येक आंगन, शरद पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएं- जितेंद्र प्रताप सिंह | फैजुल्लागंज में बाढ़ पीड़ितों तक पहुंची राहत की खेप, राजनाथ सिंह की पहल पर 10 हजार राशन किट वितरण अभियान तेज | प्रजातंत्र की मजबूती के लिए मतदान आवश्यक: जितेन्द्र प्रताप सिंह ने किया मतदान | पति-पत्नी के रिश्तों में दूरी, मन में तनाव और पेट में दर्द… क्या इनका आपस में कोई संबंध है? | यूपी की मतदाता सूची पर बड़ा सवाल! पीलीभीत में दो चुनाव अधिकारी हटाए गए, पूरे प्रदेश में जांच के निर्देश | ₹440 करोड़ की डायमंड ब्रा पहनकर रैंप पर उतरीं काइली जेनर, 4,410 हीरों की चमक ने खींचा दुनिया का ध्यान | ‘बनाना इकोनॉमी’ से दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना भारत—जगदंबिका पाल | भक्तियोग आत्मबोध, अनन्य श्रद्धा और परमात्म-समर्पण का सनातन महाविज्ञान : महामंडलेश्वर स्वामी अनंतानंद सरस्वती | सनातन संस्कृति की चंद्रिका से आलोकित हो राष्ट्र का प्रत्येक आंगन, शरद पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएं- जितेंद्र प्रताप सिंह | फैजुल्लागंज में बाढ़ पीड़ितों तक पहुंची राहत की खेप, राजनाथ सिंह की पहल पर 10 हजार राशन किट वितरण अभियान तेज | प्रजातंत्र की मजबूती के लिए मतदान आवश्यक: जितेन्द्र प्रताप सिंह ने किया मतदान | पति-पत्नी के रिश्तों में दूरी, मन में तनाव और पेट में दर्द… क्या इनका आपस में कोई संबंध है? | यूपी की मतदाता सूची पर बड़ा सवाल! पीलीभीत में दो चुनाव अधिकारी हटाए गए, पूरे प्रदेश में जांच के निर्देश | ₹440 करोड़ की डायमंड ब्रा पहनकर रैंप पर उतरीं काइली जेनर, 4,410 हीरों की चमक ने खींचा दुनिया का ध्यान |
हाइलाइट न्यूज़
ब्यंकटेश्वर चले श्रीराम से मिलने • तहसील मधुबन में संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी ने की जनसुनवाई • नाम के मोटे,पर पोषण के पॉवर हाउस हैं मोटे अनाज:डॉ अंकित गुप्ता • 500 वर्षों के तप के बाद आखिरकार अपने महल में विराजने जा रहे हैं श्रीरामलला, अयोध्या समेत पूरे देश में उत्सव का माहौल • 37 दिन में बदली तैनाती, बदली ‘प्रशासनिक आवश्यकता’! मध्यांचल के आदेशों ने खड़े किए गंभीर सवाल • गायत्री परिवार के शताब्दी संकल्प से 2047 के भारत तक—योगी ने शिक्षकों को सौंपा ‘युग निर्माण’ का दायित्व • युवा सम्मेलन में आत्मनिर्भर भारत का लिया गया संकल्प • वाराणसी के 84 घाटों की श्रृंखला में जुड़ने जा रहा एक और पक्का घाट • ब्यंकटेश्वर चले श्रीराम से मिलने • तहसील मधुबन में संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी ने की जनसुनवाई • नाम के मोटे,पर पोषण के पॉवर हाउस हैं मोटे अनाज:डॉ अंकित गुप्ता • 500 वर्षों के तप के बाद आखिरकार अपने महल में विराजने जा रहे हैं श्रीरामलला, अयोध्या समेत पूरे देश में उत्सव का माहौल • 37 दिन में बदली तैनाती, बदली ‘प्रशासनिक आवश्यकता’! मध्यांचल के आदेशों ने खड़े किए गंभीर सवाल • गायत्री परिवार के शताब्दी संकल्प से 2047 के भारत तक—योगी ने शिक्षकों को सौंपा ‘युग निर्माण’ का दायित्व • युवा सम्मेलन में आत्मनिर्भर भारत का लिया गया संकल्प • वाराणसी के 84 घाटों की श्रृंखला में जुड़ने जा रहा एक और पक्का घाट •
उत्तर प्रदेश सरकार English

रामायणकालीन पात्रों के नाम पर होंगे अयोध्या के छह प्रवेश द्वार

D

Dainik India News

• 5715 views
रामायणकालीन पात्रों के नाम पर होंगे अयोध्या के छह प्रवेश द्वार

लखनऊ से आने पर श्रीराम द्वार और गोरखपुर से हनुमान द्वार से रामनगरी में मिलेगा प्रवेश

राम की अयोध्या का चतुर्दिक विकास करा रही योगी सरकार

श्रीराम, हनुमान, लक्ष्मण, भरत, जटायु व गरुण द्वार के जरिये अयोध्या में मिलेगा प्रवेश

प्रेम संकर त्रिपाठी दैनिक इंडिया न्यूज अयोध्या, 15 जनवरी अयोध्या आने से पहले ही मन में श्रद्धा की नई तस्वीर बन जाएगी। आप जिस भी तरफ से यहां प्रवेश करेंगे, रामायणकालीन पात्रों के नाम के जरिये जेहन में रामायण की तस्वीर बन जाएगी।

ज्ञातव्य है कि योगी सरकार अयोध्या की पौराणिकता को पुनः पदास्थापित कराने के लिए संकल्पित है। अयोध्या में भव्य राम मंदिर निर्माण का कार्य तेजी से चल रहा है। ऐसे में यहां श्रद्धालुओं व पर्यटकों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। लखनऊ, गोरखपुर, रायबरेली, गोंडा, प्रयागराज, वाराणसी की तरफ से आने वाले श्रद्धालु रामायणकालीन पात्रों के नाम से बने मुख्य गेट से अयोध्या में प्रवेश पा सकेंगे। उन्हें मुख्य द्वार से ही रामायण की आस्था की अनुभूति हो जाएगी।

राम सी सुंदर होगी राम की नगरी

योगी सरकार रामनगरी को राम सी सुंदर व गौरवशाली बनाने को प्रतिबद्ध है। सभी आध्यात्मिक नगरी से यहां प्रवेश करने पर गौरव की अनुभूति होगी। राजधानी लखनऊ की ओर से अयोध्या में प्रवेश के समय श्रीराम द्वार से प्रवेश होगा। अयोध्या आने वाले हाइवे पर आउटर में छह गेट बनाए जा रहे हैं। जिनके नाम तय कर दिए गए हैं। इन गेटों के लिए जमीन के बैनामे भी शुरू हो गए हैं। प्रदेश सरकार अयोध्या को भव्यता प्रदान करने के लिए जो प्रयास कर रही है। यह गेट भी इसी कड़ी का हिस्सा है। सभी गेटों के नाम रामायणकालीन पात्रों के नाम पर रखे गए हैं, ताकि शहर में प्रवेश के समय ही यहां के धार्मिक वैभव का अहसास होने लगे। 

जिधर से भी आइये, रामायण  से जुड़े द्वार से प्रवेश पाइए

एडीएम प्रशासन अमित कुमार सिंह ने बताया कि गेट के पास पार्किंग से लेकर जनसुविधाओं का इंतजाम भविष्य को देखते हुए कराया जाएगा। यह काम अयोध्या विकास प्राधिकरण और पर्यटन विभाग मिलकर करा रहे हैं। 

श्रीरामद्वार लखनऊ हाइवे, हनुमानद्वार गोरखपुर हाइवे, भरतद्वार (भरत कुंड के पास प्रयागराज हाइवे), वाराणसी से आने वालों के लिए जटायु द्वार, रायबरेली से आने वालों के लिए गरुण द्वार और गोंडा से अयोध्या आने के लिए लक्ष्मण द्वार की तरफ से प्रवेश होगा।अयोध्या आने वालों को प्राकृतिक माहौल मिले, इसका भी ध्यान रखा जा रहा है। हाइवे के दोनों तरफ पार्किंग बनाई जाएगी। यहां टॉयलेट से लेकर पेयजल तक के इंतजाम होंगे। 

श्रीराम द्वार व पार्किंग स्थल के लिए किसानों ने सौंपे कागजात

भगवान श्री रामनगरी अयोध्या में लखनऊ से प्रवेश करने के लिए श्रीराम प्रवेश द्वार तथा पार्किंग स्थल के लिए चिह्नित भूमि को अधिग्रहण करने की कार्रवाई तेज हो गई है। उपजिलाधिकारी सोहावल मनोज कुमार श्रीवास्तव तथा तहसीलदार पवन कुमार गुप्ता इसकी देखरेख कर रहे हैं। किसानों को मिलने वाले मुआवजे तथा अयोध्या धाम के विकास के बारे में अवगत कराते हुए स्वतः भूमि अधिग्रहण में सहयोग करने की अपील की। किसानों ने पर्यटन विभाग के नाम जमीन बैनामा किया। तहसीलदार पवन कमार गुप्ता ने बताया कि पार्किंग स्थल के लिए किसानों से वार्ता की जा रही है। शीघ्र ही सहमति के आधार पर किसानों की रजामंदी मिल जाएगी।

फोटो गैलरी

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहले टिप्पणी करें!