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भारत को विश्वगुरु बनाने हेतु राष्ट्रीय सनातन महासंघ का आध्यात्मिक प्रयास,

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Dainik India News

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भारत को विश्वगुरु बनाने हेतु राष्ट्रीय सनातन महासंघ का आध्यात्मिक प्रयास,

सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ और यज्ञ से शांति का संदेशआचार्य कृष्णाचार्य

दैनिक इंडिया न्यूज,लखनऊ। पंचमुखी हनुमान मंदिर में आज एक विशेष आध्यात्मिक आयोजन के अंतर्गत राष्ट्रीय सनातन महासंघ के प्रवक्ता भारत पीठाधीश्वर आचार्य कृष्णाचार्य महाराज के सान्निध्य में सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन संपन्न हुआ। यह आयोजन मंदिर के महंत श्री श्री 1008महराज जी के सान्निध्य और सहयोग से सम्पन्न हुआ, जिसका उद्देश्य समाज व ग्रहों में व्याप्त अशांति को समाप्त कर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करना था।

आचार्य कृष्णाचार्य महाराज ने हनुमान चालीसा के रहस्यमय प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि जीवन में जब भी कोई बड़ी समस्या आती है, तो श्रद्धा भाव से 40 दिनों तक प्रतिदिन हनुमान चालीसा का पाठ करने से बड़ी से बड़ी विपत्ति भी टल जाती है। उन्होंने यह भी बताया कि स्वयं हनुमान चालीसा में लिखा है—
"जो सत बार पाठ कर कोई, छूटहि बंदि महा सुख होई"
अर्थात यदि कोई श्रद्धालु सात बार चालीसा का पाठ करता है, तो वह कठिन से कठिन बंधनों से मुक्त हो जाता है। उन्होंने आगे बताया कि यदि संकल्प ले कर 108 बार पाठ किया जाए, तो यह जीवन के गूढ़तम नकारात्मक प्रभावों और बाधाओं को भी समाप्त कर सकता है।

महाराज ने इस अवसर पर मंदिर के महंत जी के तपोमय जीवन की भी प्रशंसा की। उन्होंने बताया कि महंत जी बचपन से ही प्रभु श्रीराम और हनुमान जी की भक्ति में लीन हैं और भक्ति रूपी यज्ञशाला में अपने जीवन की आहुतियां अर्पित करते आए हैं। उनका उद्देश्य मंदिर को केवल पूजास्थल न मानकर, समाज के आध्यात्मिक और नैतिक उत्थान का केंद्र बनाना है।

आचार्य जी ने कहा कि "यदि मंदिरों को समाज के केंद्र में लाकर आसपास की जनता को जोड़ा जाए, तो सनातन धर्म में आ रही टूट-फूट और परेशानियों से काफी हद तक बचा जा सकता है।" उन्होंने इतिहास की ओर संकेत करते हुए कहा कि प्राचीन काल में जब भी कोई विपत्ति आती थी, गुरुजनों के मार्गदर्शन में यज्ञ और अनुष्ठान किए जाते थे। आज के वैश्विक परिप्रेक्ष्य में जब चारों ओर संघर्ष और युद्ध का वातावरण है, तो ऐसे समय में यज्ञ और हनुमान चालीसा पाठ ही विश्व शांति की ओर ले जाने वाले मार्ग हैं।

उन्होंने राष्ट्रीय सनातन महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेंद्र प्रताप सिंह की भी सराहना करते हुए उन्हें "सनातन धर्म का सच्चा प्रहरी" बताया। उन्होंने कहा, "जितेंद्र प्रताप सिंह जी के नेतृत्व में हम पूरे भारतवर्ष में सामूहिक पाठ, यज्ञ और हवन जैसे आध्यात्मिक आयोजनों को जन-जन तक पहुंचा रहे हैं, और यही प्रयास भारत को पुनः विश्वगुरु बनने की दिशा में अग्रसर करेगा।"

इस अवसर पर सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे और पूर्ण श्रद्धा व भक्ति के साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया। आयोजन के अंत में सभी को प्रसाद वितरण किया गया और विश्व शांति के लिए प्रार्थना की गई।

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