अध्यक्ष पद पर 1188 मत प्राप्त कर गिरिश चंद्र वर्मा ने दर्ज की जीत, महासचिव पद पर बालकेश्वर श्रीवास्तव को मिले 2037 मत; कनिष्ठ उपाध्यक्ष पद का फैसला महज चार मतों के अंतर से हुआ, महिला आरक्षित पदों पर भी प्रत्याशियों के बीच रही दिलचस्प प्रतिस्पर्धा

दैनिक इंडिया न्यूज़, लखनऊ।न्यायिक व्यवस्था की प्रतिष्ठा, अधिवक्ता समुदाय के संगठनात्मक अधिकारों और विधिक जगत की संस्थागत सक्रियता से जुड़ी अवध बार एसोसिएशन के वार्षिक निर्वाचन 2026-27 के परिणाम घोषित होने के साथ ही नई कार्यकारिणी की तस्वीर स्पष्ट हो गई है। निर्वाचन में वरिष्ठ अधिवक्ता गिरीश चंद्र वर्मा ने अध्यक्ष पद पर विजय प्राप्त की, जबकि महासचिव पद पर बालकेश्वर श्रीवास्तव ने अपने प्रतिद्वंद्वियों को पीछे छोड़ते हुए निर्वाचित होने का गौरव हासिल किया। विभिन्न पदों पर हुए इस निर्वाचन में कहीं मतों का उल्लेखनीय अंतर देखने को मिला तो कहीं अंतिम परिणाम बेहद निकट प्रतिस्पर्धा के बाद सामने आया। खास बात यह रही कि नई कार्यकारिणी में वरिष्ठता, अनुभव और युवा अधिवक्ताओं की भागीदारी का समावेश दिखाई दे रहा है।

अध्यक्ष पद के प्रतिष्ठापूर्ण मुकाबले में गिरीश चंद्र वर्मा ने सर्वाधिक 1188 मत प्राप्त कर विजयश्री हासिल की। उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी कुलदीप पति त्रिपाठी को 1131 मत प्राप्त हुए। इस प्रकार दोनों प्रत्याशियों के बीच 57 मतों का अंतर रहा। वहीं, अध्यक्ष पद के तीसरे प्रत्याशी ए.एम. त्रिपाठी को 1086 मत प्राप्त हुए। तीन प्रत्याशियों के बीच हुए इस मुकाबले में मतों का वितरण निर्वाचन की प्रतिस्पर्धात्मक प्रकृति को रेखांकित करता है।


महासचिव पद के निर्वाचन में बालकेश्वर श्रीवास्तव ने 2037 मत प्राप्त कर जीत दर्ज की। इस पद पर उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी अनिल कुमार मिश्रा को 1494 मत मिले। दोनों प्रत्याशियों के बीच 543 मतों का अंतर रहा। महासचिव पद का यह परिणाम नई कार्यकारिणी में बलकेश्वर श्रीवास्तव को मिली निर्वाचकीय स्वीकृति का प्रमुख पक्ष बनकर सामने आया है।
उपाध्यक्ष पदों के निर्वाचन में भी अलग-अलग श्रेणियों के प्रतिनिधियों का चयन हुआ। मध्य श्रेणी के दो उपाध्यक्ष पदों पर राहुल कुमार सिंह ने 1171 मत तथा विनीत कुमार पांडेय ने 1086 मत प्राप्त कर विजय हासिल की। दोनों प्रत्याशियों ने निर्धारित पदों पर अपनी जगह सुनिश्चित की। वहीं, कनिष्ठ उपाध्यक्ष पद का मुकाबला पूरे निर्वाचन के सबसे निकट परिणामों में शामिल रहा। इस पद पर अभिराम मिश्रा ‘मलय’ को 603 मत प्राप्त हुए और उन्होंने मात्र चार मतों के अंतर से जीत दर्ज की। उनके प्रतिद्वंद्वी सूर्यकांत सिंह ‘दीपक’ को 599 मत मिले। इतने मामूली अंतर से आया यह परिणाम निर्वाचन की प्रतिस्पर्धा का विशेष आकर्षण रहा।
महिला आरक्षित पदों पर भी प्रत्याशियों के बीच उल्लेखनीय प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर सुनीति सचान (त्रिपाठी) ने 2035 मत प्राप्त कर विजय हासिल की। उनकी निकटतम प्रतिद्वंद्वी कीर्ति श्रीवास्तव को 1968 मत मिले। इस प्रकार दोनों के बीच 67 मतों का अंतर रहा। संयुक्त सचिव (महिला) पद पर भूमिका बाजपेयी ने 1265 मत प्राप्त कर निर्वाचित होने का गौरव हासिल किया, जबकि उनकी प्रतिद्वंद्वी रूपा पांडेय को 714 मत प्राप्त हुए। इसी क्रम में कोषाध्यक्ष के महिला आरक्षित पद पर आराधना शुक्ला ने 879 मत प्राप्त कर जीत दर्ज की। उनकी प्रतिद्वंद्वी अनीता तिवारी को 649 मत मिले।
संयुक्त सचिव के दो पदों पर अतुल चंद्र द्विवेदी और आलोक कुमार वर्मा निर्वाचित हुए। अतुल चंद्र द्विवेदी को 896 मत प्राप्त हुए, जबकि आलोक कुमार वर्मा ने 701 मत हासिल कर दूसरा पद अपने नाम किया। इन दोनों के निर्वाचन के साथ संगठन के प्रशासनिक और समन्वय संबंधी दायित्वों के निर्वहन के लिए नई टीम का गठन पूरा हुआ।
कार्यकारिणी परिषद में 15 वर्ष से अधिक की अधिवक्ता सेवा वाले सदस्यों के चार पदों पर राम कुमार श्रीवास्तव ने 878 मत प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। उमाकांत दीक्षित को 803, बनवारी लाल को 780 तथा आशीष कुमार सिंह को 755 मत मिले। चारों प्रत्याशियों ने निर्धारित पदों पर विजय प्राप्त की। वहीं, इसी वरिष्ठ श्रेणी के महिला आरक्षित दो पदों पर मिथिलेश सिंह ने 1346 मत तथा सीमा दुबे (तिवारी) ने 1296 मत प्राप्त कर अपनी जगह सुनिश्चित की।
कनिष्ठ कार्यकारिणी सदस्य श्रेणी में 15 वर्ष से कम की अधिवक्ता सेवा वाले प्रत्याशियों के चार पदों पर शुभम तिवारी ने 969 मत प्राप्त किए। निखिल द्विवेदी को 887, संजीत कुमार पटेल को 886 तथा लक्ष्मी नारायण गुप्ता को 804 मत मिले। इन चारों प्रत्याशियों को कार्यकारिणी परिषद में प्रतिनिधित्व प्राप्त हुआ। इस श्रेणी में निखिल द्विवेदी और संजीत कुमार पटेल के बीच भी महज एक मत का अंतर रहा, जो निर्वाचन के परिणामों में सामने आए सबसे निकट मुकाबलों में से एक है।
कनिष्ठ कार्यकारिणी सदस्य के महिला आरक्षित दो पदों पर कंचन मौर्य ने 1925 मत प्राप्त कर जीत दर्ज की, जबकि प्रियंका तिवारी को 1214 मत प्राप्त हुए। दोनों प्रत्याशियों ने निर्धारित पदों पर निर्वाचित होकर कार्यकारिणी परिषद में महिला प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया।
समग्र रूप से अवध बार एसोसिएशन के वार्षिक निर्वाचन 2026-27 के परिणामों ने नई कार्यकारिणी का स्वरूप निर्धारित कर दिया है। अध्यक्ष गिरिश चंद्र वर्मा और महासचिव बलकेश्वर श्रीवास्तव के नेतृत्व में गठित यह टीम अब अधिवक्ता समुदाय की अपेक्षाओं, संगठन की संस्थागत आवश्यकताओं तथा विधिक पेशे से जुड़े विषयों पर अपनी भूमिका निभाएगी। निर्वाचन में वरिष्ठ और कनिष्ठ अधिवक्ताओं के लिए अलग-अलग प्रतिनिधित्व की व्यवस्था के साथ महिला आरक्षित पदों पर भी निर्वाचित प्रतिनिधियों का चयन हुआ है। अब अधिवक्ता समुदाय की निगाहें नई कार्यकारिणी के आगामी कार्यकाल, उसकी प्राथमिकताओं और संगठनात्मक कार्ययोजना पर टिकी रहेंगी।