
दैनिक इंडिया न्यूज़, मधुबन (मऊ)।जनसुनवाई को प्रभावी, पारदर्शी एवं जनोन्मुखी बनाने के उद्देश्य से तहसील मधुबन सभागार में जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष, समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक शिकायत का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए तथा किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन प्रकरणों का निस्तारण मौके पर संभव हो, उन्हें तत्काल निपटाया जाए तथा शेष मामलों में स्थलीय जांच कर निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण आख्या प्रस्तुत करते हुए शिकायतकर्ताओं को संतुष्ट किया जाए।
उन्होंने विशेष रूप से राजस्व एवं भूमि विवाद से संबंधित मामलों में राजस्व और पुलिस विभाग के अधिकारियों को संयुक्त रूप से मौके पर जाकर निष्पक्ष कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि जनसुनवाई केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जनता के विश्वास को सुदृढ़ करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इसलिए सभी अधिकारी शिकायतकर्ताओं के साथ संवेदनशील व्यवहार करते हुए उनकी समस्याओं का प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें।
संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 135 शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें राजस्व विभाग की 86, चकबंदी विभाग की 25, पुलिस विभाग की 15, विकास विभाग की 5 तथा अन्य विभागों की 4 शिकायतें शामिल रहीं। इनमें से 18 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्रवाई के लिए सौंप दिया गया।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर, क्षेत्राधिकारी मधुबन दिनेश दत्त मिश्रा, थाना प्रभारी कृष्ण कुमार गुप्ता सहित जनपद एवं तहसील स्तरीय अधिकारी, विभिन्न विभागों के कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में फरियादी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने भी शिकायतकर्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए उनके त्वरित समाधान का भरोसा दिलाया।