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पूजा-पाठ करते समय हो जाए कुछ गलती तो अंत में जरूर बोलें ये 1 मंत्र

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Bhargav Bhargav

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पूजा-पाठ करते समय हो जाए कुछ गलती तो अंत में जरूर बोलें ये 1 मंत्र

साधक टीम दैनिक इंडिया न्यूज

पूजा-पाठ से जुड़े कई नियम होते हैं। कई बार नियमों की जानकारी के अभाव में पूजन में जाने-अनजाने कई कमियां रह जाती हैं, कुछ गलतियां हो जाती हैं। पूजा में हुई गलतियों के लिए भगवान से क्षमा याचना करनी चाहिए जिसके लिए ग्रंथों में 1 मंत्र बताया गया है।

क्षमा मांगने के लिए इस मंत्र का करें प्रयोग

आवाहनं न जानामि न जानामि विसर्जनम्।
पूजां चैव न जानामि क्षमस्व परमेश्वर॥
मंत्रहीनं क्रियाहीनं भक्तिहीनं जनार्दन।
यत्पूजितं मया देव! परिपूर्ण तदस्तु मे॥

अर्थ - हे प्रभु, मैं आपका आवाहन करना नहीं जानता हूं, ना ही विदा करना जानता हूं। पूजा के विधि-विधान भी मुझे नहीं मालूम हैं। कृपा करके मुझे क्षमा करें। मुझे मंत्र याद नहीं हैं और ना ही पूजा की क्रिया मालूम है। मैं तो ठीक से भक्ति करना भी नहीं जानता। फिर भी मेरी बुद्धि के अनुसार पूरे मन से पूजा कर रहा हूं, कृपया इस पूजा में हुई जानी-अनजानी गलतियों के लिए क्षमा करें। इस पूजा को पूर्ण और सफल करें।

ये है इस परंपरा से जुड़ा मनोविज्ञान
पूजा में क्षमा मांगने की परंपरा पुराने समय से चली आ रही है। इस परंपरा का मूल संदेश ये है कि हमसे जब भी कोई गलती हो जाए तो हमें तुरंत क्षमा मांग लेनी चाहिए। इससे हमारा अहंकार खत्म होता है।

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