ब्रेकिंग न्यूज़
उत्तर प्रदेश के लाखों युवाओं की मेहनत को कुचलते बड़का बाबुओं के 'फैमिली बिजनेस'? | शाहजहांपुर की बेटियों के लिए स्वर्णिम अवसर: निःशुल्क नर्सिंग प्रशिक्षण के साथ रोजगार का सुनहरा द्वार खुला | प्रमुख सचिव विधानसभा प्रदीप दुबे को बहुत बड़ा झटका | प्रबुद्ध समाज से संवाद बढ़ाएगी भाजपा, 11 जून को होगा भव्य सम्मेलन | देश के दस राज्यों के खिलाड़ियों ने लखनऊ में दिखाया मार्शल आर्ट का अद्भुत कौशल | भोजशाला मंदिर से भक्तों द्वारा प्रतिष्ठित मूर्ति हटाने पर बवाल, याचिकाकर्ता ने पूछा— क्या एएसआई हाईकोर्ट से भी ऊपर? | मध्यांचल मुख्यालय में आग लगे तो बुझाएगा कौन ? | जनसंवाद और जनसरोकारों के केंद्र बने राजनाथ सिंह, विभिन्न प्रतिनिधिमंडलों ने रखे सुझाव | उत्तर प्रदेश के लाखों युवाओं की मेहनत को कुचलते बड़का बाबुओं के 'फैमिली बिजनेस'? | शाहजहांपुर की बेटियों के लिए स्वर्णिम अवसर: निःशुल्क नर्सिंग प्रशिक्षण के साथ रोजगार का सुनहरा द्वार खुला | प्रमुख सचिव विधानसभा प्रदीप दुबे को बहुत बड़ा झटका | प्रबुद्ध समाज से संवाद बढ़ाएगी भाजपा, 11 जून को होगा भव्य सम्मेलन | देश के दस राज्यों के खिलाड़ियों ने लखनऊ में दिखाया मार्शल आर्ट का अद्भुत कौशल | भोजशाला मंदिर से भक्तों द्वारा प्रतिष्ठित मूर्ति हटाने पर बवाल, याचिकाकर्ता ने पूछा— क्या एएसआई हाईकोर्ट से भी ऊपर? | मध्यांचल मुख्यालय में आग लगे तो बुझाएगा कौन ? | जनसंवाद और जनसरोकारों के केंद्र बने राजनाथ सिंह, विभिन्न प्रतिनिधिमंडलों ने रखे सुझाव |
हाइलाइट न्यूज़
80 प्रतिशत अनुदान पर कृषि यन्त्र उपलब्ध, लाभ उठायें किसान ड्यूटी के दौरान दर्दनाक हादसा: तेज रफ्तार ट्रेलर की टक्कर से हेड कांस्टेबल की मौत, मातम में डूबा पुलिस महकमा दस हजार नौकरियां देंने का लक्ष्य पूरा:सीएम योगी बस स्टेशन पुनर्निर्माण कार्य में मिली खामियां, मुख्य विकास अधिकारी ने जताई नाराजगी अब यह वह प्रदेश नहीं है, जो 6 वर्ष पहले हुआ करता था: सीएम योगी सड़क सुरक्षा पखवाड़े में जागरूकता के साथ काउंसिलिंग और हेल्थ चेक-अप भी कराएगा परिवहन निगम  डायबिटीज का विस्फोट: कोरोना युग की अनसुलझी गुत्थियाँ और मरीजों की बढ़ती भीड़ का भयावह सच हरदोई पुलिस ने दो शातिर चोरों को किया गिरफ्तार उनके कब्जे से पांच मोटरसाइकिल बरामद 80 प्रतिशत अनुदान पर कृषि यन्त्र उपलब्ध, लाभ उठायें किसान ड्यूटी के दौरान दर्दनाक हादसा: तेज रफ्तार ट्रेलर की टक्कर से हेड कांस्टेबल की मौत, मातम में डूबा पुलिस महकमा दस हजार नौकरियां देंने का लक्ष्य पूरा:सीएम योगी बस स्टेशन पुनर्निर्माण कार्य में मिली खामियां, मुख्य विकास अधिकारी ने जताई नाराजगी अब यह वह प्रदेश नहीं है, जो 6 वर्ष पहले हुआ करता था: सीएम योगी सड़क सुरक्षा पखवाड़े में जागरूकता के साथ काउंसिलिंग और हेल्थ चेक-अप भी कराएगा परिवहन निगम  डायबिटीज का विस्फोट: कोरोना युग की अनसुलझी गुत्थियाँ और मरीजों की बढ़ती भीड़ का भयावह सच हरदोई पुलिस ने दो शातिर चोरों को किया गिरफ्तार उनके कब्जे से पांच मोटरसाइकिल बरामद
राजनीति English

बोले लोकसभा स्पीकर तकनीक और विधायी संस्थाएं अंतिम व्यक्ति तक जनकल्याण पहुंचाने में महत्वपूर्ण

D

Dainik India News

21 views
बोले लोकसभा स्पीकर तकनीक और विधायी संस्थाएं अंतिम व्यक्ति तक जनकल्याण पहुंचाने में महत्वपूर्ण

दैनिक इंडिया न्यूज़ ,नई दिल्ली, 23 सितंबर 2024: लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला ने आज नई दिल्ली में 10वें सीपीए (कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री एसोसिएशन) भारत क्षेत्र सम्मेलन के पूर्ण सत्र की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने तकनीक के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति के कल्याण के लिए विधायी संस्थाओं की भूमिका पर बल दिया। बिरला ने कहा कि विभिन्न मंचों पर जनकल्याणकारी योजनाओं पर चर्चा होनी चाहिए ताकि इन्हें प्रभावी रूप से आकार दिया जा सके।

लोक सभा अध्यक्ष ने भारत के संविधान को समावेशी शासन की भावना का सबसे सशक्त उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि संविधान द्वारा निर्धारित नीतियों ने देश की लोकतांत्रिक प्रणाली को मजबूत बनाया है, जिससे विकास के रास्ते पर प्रगति अधिक समावेशी हो सकी है। बिरला ने जोर देते हुए कहा कि लोकतांत्रिक संस्थाएं कार्यपालिका की जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाती हैं, जिससे शासन अधिक उत्तरदायी और कुशल बनता है।

विकास की गति और समावेशी प्रगति पर जोर

बिरला ने कहा कि भारत की संसद द्वारा पारित ऐतिहासिक कानूनों ने देश की विकास गति को तेज किया है और प्रगति को अधिक समावेशी बनाया है। इन कानूनों ने हर वर्ग और क्षेत्र तक विकास की रोशनी पहुंचाने में मदद की है। उन्होंने आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण के लिए विधायी संस्थाओं के सहयोग और समर्थन की अनिवार्यता पर जोर दिया।

विधायी निकायों की भूमिका और सुधारों पर सुझाव

लोक सभा अध्यक्ष ने विधायी निकायों से अपनी प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करने और सर्वोत्तम प्रथाओं को अपनाने की अपील की, ताकि वे प्रभावी ढंग से अपनी भूमिका निभा सकें। उन्होंने कहा कि नियमों और प्रक्रियाओं में सुधार से विधायी संस्थाओं की दक्षता और जवाबदेही बढ़ेगी, जो देश के समग्र विकास में सहायक सिद्ध होगी।

इस मौके पर, बिरला ने जोर दिया कि तकनीक के माध्यम से अंतिम व्यक्ति तक जनकल्याणकारी योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करना सरकार और विधायी संस्थाओं का प्रमुख लक्ष्य होना चाहिए।

फोटो गैलरी

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहले टिप्पणी करें!