दैनिक इंडिया न्यूज़ लखनऊ। नई दिल्ली। राजधानी के प्रतिष्ठित प्रयागराज स्टेडियम में 16 से 18 अप्रैल तक आयोजित 69वीं नेशनल स्कूल गेम्स चैंपियनशिप के अंतर्गत पारंपरिक भारतीय युद्धकला कलारीपयट्टू की स्पर्धाओं में उत्तर प्रदेश के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों ने अद्भुत पराक्रम का परिचय दिया। प्रतियोगिता के द्वितीय दिवस लखनऊ के उदीयमान खिलाड़ी लकी सिंह गौतम एवं तुषार कुमार ने लाठी युगल स्पर्धा में कांस्य पदक अर्जित कर प्रदेश का गौरव राष्ट्रीय मंच पर स्थापित किया।
प्रतियोगिता में उच्च स्तरीय प्रतिस्पर्धा के मध्य केरल की टीम ने स्वर्ण पदक पर अधिकार जमाया, जबकि जम्मू-कश्मीर ने रजत पदक प्राप्त किया। उत्तर प्रदेश के इन युवा खिलाड़ियों का यह प्रदर्शन न केवल उनकी साधना और अनुशासन का परिचायक है, बल्कि प्रदेश की खेल संस्कृति के सुदृढ़ होते आधार को भी रेखांकित करता है।
इंडियन कलारीपयट्टू फेडरेशन के संयोजन में संपन्न इस भव्य आयोजन में अंडर-17 एवं अंडर-19 बालक-बालिका वर्गों में युद्धकला युक्तियाँ (यपट्टू), चुवाडुकल एकल स्पर्धा तथा लाठी युगल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें देशभर के श्रेष्ठ प्रतिभागी अपनी दक्षता का प्रदर्शन कर रहे हैं।
उत्तर प्रदेश टीम की अन्य प्रतिभाशाली खिलाड़ी प्रांशी एवं शिवानी रावत ने भी अपने प्रारंभिक मुकाबलों में विजय प्राप्त कर पदक की प्रबल दावेदारी प्रस्तुत की है, जिससे प्रदेश को आगामी चरणों में और अधिक सफलता की आशा जागृत हुई है।
प्रदेश महासचिव प्रवीण गर्ग को इंडियन कलारीपयट्टू फेडरेशन द्वारा टेक्निकल ऑफिशियल के रूप में नियुक्त किया जाना प्रदेश के लिए एक और गौरवपूर्ण उपलब्धि है। वहीं, टीम के प्रशिक्षक सोमेश कुमार एवं संतोष कुमारी के मार्गदर्शन में खिलाड़ी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं।
यह उपलब्धि केवल पदक तक सीमित नहीं, अपितु यह युवा शक्ति के आत्मविश्वास, परिश्रम और राष्ट्रीय मंच पर अपनी पहचान स्थापित करने के संकल्प का सजीव प्रतीक है। लखनऊ के इन खिलाड़ियों ने यह सिद्ध कर दिया है कि समर्पण और साधना के बल पर किसी भी लक्ष्य को साधा जा सकता है।